जीएसटी अधिनियम 2017 के तहत, एडवांस रूलिंग (AAR) एक वैधानिक प्रावधान है जो करदाताओं को उनकी कर देयता, दर, इनपुट टैक्स क्रेडिट, और आपूर्ति की प्रकृति जैसे मुद्दों पर पूर्व-निर्धारित निर्णय प्राप्त करने में मदद करता है। यह कर अनुपालन को सरल बनाता है और कर संबंधी अनिश्चितताओं को कम करता है। जीएसटी में AAR से संबंधित प्रावधान धारा 95 से 104 में दिए गए हैं, जिनमें AAR और अपीलीय अथॉरिटी फॉर एडवांस रूलिंग (AAAR) का गठन, आवेदन प्रक्रिया, आदेश की बाध्यकारी प्रकृति, और गलतियों को सुधारने के तरीके शामिल हैं। धारा 97(2) के अनुसार, वर्गीकरण, कर देयता, आपूर्ति की प्रकृति, इनपुट टैक्स क्रेडिट की पात्रता, और पंजीकरण की आवश्यकता जैसे विभिन्न विषयों पर एडवांस रूलिंग मांगी जा सकती है। आवेदन GST ARA-01 फॉर्म के माध्यम से किया जाता है, जिसके लिए ₹5,000 का शुल्क देय होता है। AAR का निर्णय केवल संबंधित आवेदक और अधिकारी पर बाध्यकारी होता है, लेकिन यदि यह धोखाधड़ी या गलत जानकारी पर आधारित हो तो इसे शून्य घोषित किया जा सकता है। AAAR में 30 दिनों के भीतर अपील की जा सकती है, और उसका निर्णय भी पक्षकारों पर बाध्यकारी होता है। हालाँकि, विभिन्न राज्यों के AARs के बीच भिन्न निर्णयों और बाध्यकारी दायरे की सीमाओं को लेकर कुछ विवाद हैं, जिसके लिए केंद्र सरकार एक केंद्रीकृत नेशनल अपीलीय अथॉरिटी फॉर एडवांस रूलिंग (NAAR) स्थापित करने की योजना बना रही है। कुल मिलाकर, AAR प्रणाली जीएसटी कानून में पारदर्शिता और पूर्वानुमेयता सुनिश्चित करने का एक महत्वपूर्ण साधन है।
1. प्रस्तावना (Introduction):-
यह कि GST प्रणाली में Advance Ruling एक वैधानिक उपाय है।जो करदाता को कर(Tax )संबंधी अनिश्चितताओं को पूर्व-निर्धारित करने में सहायता करता है। Advance Ruling करदाता को कर देयता, रेट, इनपुट टैक्स क्रेडिट, सप्लाई की प्रकृति इत्यादि विषयों पर पूर्व निर्णय देता है।जो कर अनुपालन (tax compliance) को आसान बनाता है।
2. AAR संबंधित धाराएँ (Relevant Sections):-
जीएसटी में AAR को निम्न धाराओं में प्रावधानकिया हैI जिसका विवरण निम्नलिखित है-
Section 95 –
Definitions (AAR, AAAR, Applicant etc.)
Section 96 – Constitution of AAR
Section 97 – Application for Advance Ruling
Section 98- Procedure on receipt of application
Section 99- Appointment of officers
Section 100- Appeal to AAAR (Appellate Authority)
Section 101- Orders of Appellate Authority
Section 102- Rectification of mistake
Section 103- Binding nature of Advance Ruling
Section 104- Advance Ruling to be void in certain circumstances
3. जीएसटी में AAR द्वारा निर्णय हेतु विषय (Matters on which advance ruling can be sought)-
यह कि धारा 97(2) के अनुसार, आवेदन निम्नलिखित विषयों पर किया जा सकता है-
1. वस्तु या सेवा की वर्गीकरण (Classification)
2. कर देयता की प्रकृति (Rate of tax)
3. माल या सेवा की आपूर्ति की प्रकृति – अंतरराज्यीय या राज्यीय (Nature of supply)
4. Input Tax Credit की पात्रता
5. कर भुगतान की आवश्यकता
6. पंजीकरण की आवश्यकता
7. Notification की व्याख्या
8. समय और मूल्य निर्धारण
9. कर देयता की अदायगी का तरीका
10. कर अपवंचन का दायित्व
11. कोई अन्य मुद्दा जिसे Gst Council अधिसूचित करेI
4. AAR में आवेदन की प्रक्रिया (Application Process)-
A .फॉर्म: GST ARA-01 (AAR के लिए)
B. GST ARA-02 (AAAR में अपील हेतु)
फीस: ₹5,000/- प्रत्येक राज्य में AAR के लिए
प्रक्रिया -( Process)
यह कि AAR का आवेदन जीएसटी हेड ऑफिस को प्रस्तुतकिया जाता है।Scrutiny के बाद सुनवाई हेतु दिन निर्धारित कर पक्षों की सुनवाई के उपरांत आदेश पारित किया जाएगा।
5. आदेश की बाध्यता (Binding Nature)-
यह कि Section 103 के अनुसार AAR का निर्णय केवल:
संबंधित आवेदक और जिस अधिकारी को वह संबोधित हो पर बाध्यकारी होता है। अर्थात पक्षकारों पर लागू होता है।
अपवाद-
लेकिन यदि तथ्यों में कोई परिवर्तन हो या आदेश धोखाधड़ी, गलत विवरण पर आधारित हो तो आदेश Section 104 के तहत शून्य (void) घोषित किया जा सकता है।
6. अपील की प्रक्रिया (Appeal to AAAR)-
यह कि Section 100 के अंतर्गत 30 दिनों के भीतर अपील की जा सकती है।AAAR द्वारा Section 101 के तहत संशोधित आदेश पारित किया जाता है।AAAR का आदेश भी पक्षकारों पर बाध्यकारी होता है, जैसा कि Section 103 में वर्णित है।
7. महत्वपूर्ण निर्णय (Key Judicial Pronouncements)-
यह कि AAAR में निम्न केस में निर्णय पारित किया गया है –
A. M/s. Giriraj Renewables Pvt. Ltd. (AAAR Maharashtra) Mixed vs Composite supply की व्याख्या की गई है।
B. Columbia Asia Hospitals Pvt. Ltd. (Karnataka AAR) Cross-charge vs ISD के मुद्दे पर विवाद को हल किया गया है।
C. M/s. Tathagat Heart Care Centre LLP (UP AAR) Health services exemption की व्याख्या की गई है।
8. विवादास्पद पहलू (Controversies)-
यह कि जीएसटी के अंतर्गत AAAR के अंतर्गत विवाद कायम है।
A . यह कि विभिन्न राज्यों के AAR में एक ही विषय पर भिन्न निर्णय।
B. यह कि Binding Scope केवल संबंधित पक्षों पर बाध्यकारी।
C यह कि High Court Intervention AAR/AAAR के आदेशों के विरुद्ध Writ Petition (Article 226) दायर किए जा सकते हैं।
9. वर्तमान विकास (Recent Developments)-
यह कि केंद्र सरकार एक Centralized National Appellate Authority for Advance Ruling (NAAR) स्थापित करने की योजना में है। जिसमे विशेषकर डुअल/मल्टी स्टेट अप्लीकेंट्स के लिए के विषय में निर्णय होगे।
निष्कर्ष (Conclusion)-
यह कि AAR प्रणाली GST कानून की पारदर्शिता और पूर्वानुमेयता (predictability) सुनिश्चित करने का एक महत्वपूर्ण उपकरण है। हालांकि इसमें क्षेत्राधिकार (Jurisdictional Disparity) और अधिकार सीमाओं को लेकर कुछ व्यावहारिक समस्याएँ हैं। लेकिन फिर भी करदाता के लिए यह अनुपालन सुनिश्चित करने में सहायक है।
डिस्क्लेमर
यह लेखक के निजी विचार हैं।


