Follow Us:

जनवरी 2026 से जीएसटी में रिवर्स चार्ज मैकेनिज्म (RCM) से जुड़ा एक अहम सिस्टम अपडेट लागू किया गया है, जिसका सीधा असर GSTR-3B फाइलिंग पर पड़ेगा। नए वैलिडेशन नियम के तहत अब करदाता अपनी इच्छा से RCM ITC क्लेम नहीं कर सकेंगे। ITC क्लेम की सीमा को RCM लेजर के ओपनिंग बैलेंस और चालू महीने में घोषित RCM टैक्स लायबिलिटी से जोड़ दिया गया है। अर्थात अधिकतम ITC क्लेम = ओपनिंग बैलेंस + करंट मंथ की RCM लायबिलिटी। यदि क्लेम की गई ITC इस सीमा से अधिक होती है, तो GST पोर्टल GSTR-3B को आगे प्रोसेस करने से रोक देगा और रिटर्न ब्लॉक हो जाएगी। उदाहरण के तौर पर, यदि ओपनिंग बैलेंस ₹50,000 है और चालू माह की RCM लायबिलिटी ₹9,000 है, तो सुरक्षित ITC सीमा ₹59,000 होगी। इससे अधिक क्लेम करने पर रिटर्न फाइल नहीं हो पाएगी। यह बदलाव RCM अनुपालन को सख्त और सिस्टम-ड्रिवन बनाता है।

आरसीएम (RCM)) जनवरी 2026 से अपडेट ?

यह कि जीएसटी के अंदर रिवर्स चार्ज मैकेनिज्म (RCM) अक्सर एक मुसीबत की तरह होता है।

जीएसटी नियम –

इसमें खरीदार (Buyer) को सरकार को हर महीने कर का  भुगतान करना होगा। अपंजीकृत से खरीद/सेवा पर कर का भुगतान करना होता है अर्थात कर देयता खरीदार पर होती है।

यह कि GSTR-3B प्रमुख अपडेट (जनवरी 2026 से

अब नियमों में एक बड़ा बदलाव किया गया है।

यह कि GSTR-3B (GSTR-3B) में एक नया वैलिडेशन रूल लागू हो रहा है।

अब आप अपनी मर्जी से आरसीएम आईटीसी (RCM ITC) क्लेम नहीं कर पाएंगे।

यह कि ITC Claim सिस्टम अब आपके ‘क्लेम’ को आपकी ‘लायबिलिटी’ और ‘ओपनिंग बैलेंस’ से संबंधित परिवर्तन किया गया है

नया गणित समझिए-

अधिकतम ITC क्लेम =RCM लेजर का ओपनिंग बैलेंस + करंट मंथ की डिक्लेअर की गई RCM लायबिलिटी

ITC Claim > (Opening Balance + Current Liability)

ओपनिंग बैलेंसः आपके पिछले RCM लेजर में बचा हुआ अमाउंट।

करंट लायबिलिटीः इस महीने जो टैक्स लायबिलिटी आपने स्वीकार (Declare) की है

चेतावनी –

अगर आपने लिमिट से ज्यादा क्लेम किया तो?

GSTR-3B Blocked (जीएसटीआर 3B ब्लॉक)

पोर्टल सिस्टम आपको आगे बढ़ने की अनमति नहीं देगा।

उदाहरण

एडवोकेट का भुगतान मान लीजिए आपकी कंपनी की स्थिति निम्न है:

RCM लेजर ओपनिंग बैलेंस ₹50,000

वकील को भुगतान (Fees Paid) ₹50,000

RCM लायबिलिटो (GST @ 18%) ₹9,000

आईटीसी क्लेम की लिमिट की गणना-

Step 1: ओपनिंग बैलेंस चेक करें

₹50,000

Step 2: करंट मंथ लायबिलिटी जोड़ें

+₹9,000

जनवरी 2026 से, आपकी ‘सेफ लिमिट’ (Safe Limi ₹59,000 है।

Total (कुल योग) Rs.59,000

परिणामः सफलता बनाम विफलता-

Scenario A-

यदि आपने क्लेम किया: ₹59,000

तो आपका GSTR-3B फाइल हो जाएगा।

Scenario B-

आपने क्लेम कियाः ₹60,000 (लिमिट से ज्यादा)

तो आपका GSTR-3B ब्लॉक हो जाएगा।

डिस्क्लेमर –

यह लेखक के निजी विचार हैं।

Join Taxguru’s Network for Latest updates on Income Tax, GST, Company Law, Corporate Laws and other related subjects.

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Ads Free tax News and Updates
Search Post by Date
February 2026
M T W T F S S
 1
2345678
9101112131415
16171819202122
232425262728